Loading...

लम्बकर्ण भैरव / Lambkarna Bhairav Mantra

संकट दूर करने वाले लम्बकर्ण भैरव भगवान शिव के एक महाकालीन रूप हैं, जो अपने लम्बे कानों के कारण विशेष रूप से प्रसिद्ध हैं। वे बहुत ही क्रूर और भयंकर स्वरूप होते हैं, लेकिन उनका उद्देश्य भक्तों की रक्षा और सुरक्षा करना है। लम्बकर्ण भैरव का पूजन भक्ति, ध्यान, और निष्काम कर्म के माध्यम से किया जाता है, लम्बकर्ण का अर्थ “लंबे कान वाला” होता है और यह भैरव के बड़े झुमकों को दर्शाता है।

लम्बकर्ण भैरव मंत्र:

|| ॐ भ्रं लम्बकर्णाय नमः ||

लम्बकर्ण भैरव मंत्र के लाभ:

  • भक्त को उच्च स्तरीय सामर्थ्य और स्थिरता
  • भय, आपत्तियों, और संकटों को दूर
  • ध्यान और अवधारणा की क्षमता को विकसित
  • भक्त को निर्णय लेने में सहायता

लम्बकर्ण भैरव मंत्र का जाप शनिवार को किया जाता है क्योंकि शनिवार को भैरव भगवान को अर्पण किया जाता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

INR
USD
EUR
AUD
GBP
INR
USD
EUR
AUD
GBP