Durva Ganesh mantra pujan for removing obstacles

दुर्वा गणेश पूजा एक विशेष प्रकार की पूजा है जिसमें भगवान गणेश को दुर्वा (दूब) घास अर्पित की जाती है। भगवान गणेश को दुर्वा सबसे ज्यादा पसंद है। इस का विशेष महत्व है और इसे विधिपूर्वक करने से कई लाभ प्राप्त होते हैं। यहाँ दुर्वा गणेश के बारे में विस्तृत जानकारी, विधि, भोग और लाभों के बारे में जानकारी दी जा रही है:

दुर्वा, जिसे दूब भी कहा जाता है, एक प्रकार की घास है जिसे भगवान गणेश को अत्यंत प्रिय माना जाता है। पौराणिक कथाओं के अनुसार, दुर्वा में भगवान गणेश के शरीर का अंश है और इसे अर्पित करने से गणेश जी शीघ्र प्रसन्न होते हैं। दुर्वा का त्रिशूल जैसा आकार होता है, और इसे आमतौर पर गणेश जी की प्रतिमा पर अर्पित किया जाता है।

विधि

  1. सामग्री: गणेश प्रतिमा, दुर्वा घास, पंचामृत, दीपक, धूप, कपूर, फल, मिठाई, जल पात्र, अक्षत, फूल, मौली, नारियल, लाल कपड़ा।
  2. स्वच्छता: सबसे पहले पूजा स्थान और स्वयं को स्वच्छ करें।
  3. आसन: पूजा स्थान पर एक साफ आसन बिछाएं और गणेश प्रतिमा को स्थापित करें।
  4. पंचामृत स्नान: गणेश प्रतिमा को पंचामृत (दूध, दही, घी, शहद, और शक्कर) से स्नान कराएं।
  5. दुर्वा अर्पण: गणेश जी को दुर्वा की 21 गांठें अर्पित करें। दुर्वा को त्रिशूल के आकार में बनाएं और ध्यानपूर्वक गणेश जी के चरणों में रखें।
  6. दीपक और धूप: दीपक और धूप जलाएं और गणेश जी की आरती करें।
  7. भोग: गणेश जी को फल, मिठाई और नारियल का भोग लगाएं।
  8. प्रार्थना: गणेश जी से विशेष प्रार्थना करें और अपने मनोकामना की पूर्ति के लिए प्रार्थना करें।
  9. प्रसाद वितरण: अंत में प्रसाद को सभी भक्तों में वितरित करें।

भोग

गणेश जी को मोदक, लड्डू, गुड़, और नारियल का भोग विशेष रूप से पसंद है। आप इसे दुर्वा के साथ गणेश पूजा के दौरान अर्पित कर सकते हैं।

Kamakhya sadhana shivir

पूजा से लाभ

  1. विघ्नों का नाश: जीवन में आने वाले सभी विघ्न और बाधाएं दूर होती हैं।
  2. मनोकामना पूर्ति: मनोकामनाएं शीघ्र पूरी होती हैं।
  3. धन-धान्य वृद्धि: आर्थिक समृद्धि और धन की प्राप्ति होती है।
  4. स्वास्थ्य लाभ: शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार होता है।
  5. शांति और सुख: परिवार में शांति और सुख का वास होता है।
  6. बुद्धि और ज्ञान: बुद्धि और ज्ञान में वृद्धि होती है।
  7. कार्य सिद्धि: सभी कार्यों में सफलता प्राप्त होती है।
  8. रोगों से मुक्ति: गंभीर रोगों से मुक्ति मिलती है।
  9. कष्टों का निवारण: जीवन के कष्टों का निवारण होता है।
  10. आध्यात्मिक उन्नति: आध्यात्मिक उन्नति और आत्मज्ञान की प्राप्ति होती है।
  11. विद्या प्राप्ति: शिक्षा और विद्या में उत्कृष्टता प्राप्त होती है।
  12. लंबी आयु: दीर्घायु और स्वस्थ जीवन की प्राप्ति होती है।

दुर्वा गणेश मंत्र – “ॐ गं ग्लौं दुर्वा गणेशाय नमः” “OM GAMM GLAUM DURVA GANESHAAY NAMAHA”

Spiritual store

दुर्वा गणेश पूजा को नियमित रूप से करने से भगवान गणेश की कृपा प्राप्त होती है और जीवन में सुख, शांति, और समृद्धि का वास होता है।

BOOK (26-27 SEPT. 2026) DAKSHIN KALI SADHANA SHIVIR AT DIVYAYOGA ASHRAM (ONLINE/ OFFLINE)

Select Sdhana Shivir Option
spot_img
spot_img

Related Articles

69,000FansLike
2,102FollowersFollow
798,442SubscribersSubscribe
spot_img
spot_img

Latest Articles

spot_img
spot_img
spot_img